Term Symbols Examples

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Term Symbols Examples.L-S युग्मन के अनुसार एटम या आयन का  एक मूल शब्द संकेत ग्राउंड टर्म सिंबल होता हैं|इलेक्ट्रॉनों के बीच प्रतिकर्षण के परिणामस्वरूप,इलेक्ट्रॉनों को अलग-अलग ऑर्बिटल्स पर कब्जा करना पड़ता है| और विनिमय के परिणामस्वरूप ऊर्जा, अलग-अलग ऑर्बिटल्स में इलेक्ट्रॉनों में समानांतर स्पिन होते हैं।

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इसे निम्न प्रकार से show करते हैं|

2S+1Lj   या   n+1Lj

यहाँ पर 2S+1 =n+1 = बहुलता (multiplicity)

L= परिणामी ऑर्बिटल क्वांटम नंबर

S= परिणामी स्पिन क्वांटम नंबर

n= अयुग्मित इलेक्ट्रान संख्या

J = परिणामी अंतर क्वांटम नंबर

J को सम्पूर्ण एंगुलर मोमेंटम भी कहते हैं|J के डिफरेंट वैल्यू |L +S| से |L-S| तक होते हैं |यदि L>S तब J की  टोटल वैल्यू =2S+1 तथा L<S तब Jकी  टोटल वैल्यू =2L+1 होती हैं|J की वैल्यू हमेशा पॉजिटिव होती हैं|

L-S युग्मन के अनुसार  मूल शब्द सिंबल ज्ञात करने के निम्नलिखित नियम हैं-

(A)  स्पिन बहुलता आवश्यक हैं अर्थात  हुन्ड के लॉ का पालन होना चाहिए |

(B) ऑर्बिटल मोमेंटम मैक्सीमम हो अर्थात इलेक्ट्रान पहले मैक्सीमम m की वैल्यू वाले ऑर्बिटल में भरें जाये |

(C) हाफ से अधिक या हाफ से कम सबशेल फिल होने पर J की वैल्यू क्रमश: मैक्सीमम तथा निम्नतम  लिए जाते हैं|

उपर्युक्त लॉ निम्नलिखित उदाहरण से स्पस्ट किये जा सकते हैं|

C(6) एटम का इलेक्ट्रान विन्यास 1S22s22p2 हैं|इसे इस प्रकार शो किया जाता हैं

 

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L की वैल्यू अयुग्मित इलेक्ट्रॉन्स के m की वैल्यू का योग होता हैं|

L= 1+0=1

S की वैल्यू अयुग्मित इलेक्ट्रॉन्स संख्या को 1/2 से मल्टीप्लाई करके प्राप्त करते हैं|

S=2*1/2=1

कम्पलीट ऑर्बिटल का L तथा S की वैल्यूज के लिए कोई योगदान नहीं होता हैं |

L की वैल्यू वर्ड सिंबल में निम्न प्रकार show करते हैं|

L वैल्यू         0           1             2         3           4          5

वर्ड सिंबल   S           P             D        F          G          H

स्पिन बहकता =2S +1 =n+1

J की वैल्यू निकालने के लिए

|L-S|=1-1=0

|L+S|=1+1=2

अतः J की टोटल वैल्यू =0,1,2

[J की हर वैल्यू में 1 का अन्तर होता हैं|तथा ये |L-S| से |L+S| तक होते हैं|}

चूँकि कार्बन एटम का p सबशैल हाफ से कम भरा हैं अतः J की  निम्नतम वैल्यू  0 लेंगे |

इस प्रकार कार्बन एटम की ग्राउंड स्टेट में

2S +1 = 2*1+1=3

L =1=P

J =0

अतः ग्राउंड टर्म सिंबल के अनुसार (2S+1Lj   या   n+1Lj)

C (6) के लिए मूल वर्ड सिंबल –3P0

इस प्रकार J की डिफरेंट-डिफरेंट वैल्यूज के   लिए डिफरेंट-डिफरेंट शब्द संकेत (टर्म सिंबल) लिए जा सकते |हर शब्द संकेत एक निश्चित एनर्जी लेवल को शो करता हैं|मैग्नेटिक फील्ड में हर एटम या आयन के J एनर्जी लेवल अगेन (2J +1) भागों में डिवाइड हो जाते हैं|अगेन प्राप्त एनर्जी लेवल्स  के मध्य एक निश्चित एनर्जी वैल्यू का अंतर होता हैं|यह अंतर gBH के बराबर होता हैं,

यहाँ g=लैंडे विभाजन फैक्टर ,B =बोर मेग्नेटान तथा H=फील्ड स्ट्रेन्थ हैं|

रसेल-सॉन्डर्स युग्मन योजना

शब्द प्रतीक आमतौर पर रसेल-सॉन्डर्स युग्मन योजना में इलेक्ट्रॉनिक राज्यों का प्रतिनिधित्व करते हैं, जहां एक विशिष्ट परमाणु शब्द चिन्ह में स्पिन गुणन, समरूपता लेबल और परमाणु की कुल कोणीय गति होती है। इनका प्रारूप है

2S + 1LJ (15)
जैसे 3D2, जहां S = 1, L = 2, और J = 2।

इलेक्ट्रॉन विन्यास के लिए शब्द प्रतीकों को निर्धारित करने के लिए यहां आमतौर पर इस्तेमाल किया जाने वाला तरीका है। इसके लिए विभिन्न “माइक्रोस्टेट” की संभावनाओं की एक तालिका की आवश्यकता होती है, जिसे “स्लाटर टेबल” कहा जाता है।

तालिका की प्रत्येक पंक्ति कुल चुंबकीय क्वांटम संख्या का प्रतिनिधित्व करती है, जबकि प्रत्येक स्तंभ कुल स्पिन करता है। इस तालिका का उपयोग करके हम संभावित इलेक्ट्रॉनिक अवस्थाओं को आसानी से उठा सकते हैं क्योंकि सभी शब्द तालिका पर संकेंद्रित आयताकार हैं।

“माइक्रोस्टेट्स” को गिनने के लिए एक तालिका का उपयोग करने की विधि बहुत पहले विकसित की गई है और इतने सारे वैज्ञानिकों और शिक्षकों द्वारा सम्मानित की गई है कि किसी एक व्यक्ति को मान्यता देना कठिन है। आइए d3 के इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन को एक उदाहरण के रूप में लेते हैं।

स्लेटर की तालिका में, प्रत्येक सेल में एमएस और एमएल मूल्यों के अनुसार तीन इलेक्ट्रॉनों क्वांटम संख्या को निर्दिष्ट करने के कई तरीके शामिल हैं। ये असाइनमेंट पाउली के अपवर्जन कानून का पालन करते हैं।

नीचे दिया गया आंकड़ा एमएल 3 और एमएस = -1/2 होने पर डी 3 इलेक्ट्रॉनों को क्वांटम संख्या निर्दिष्ट करने के कितने तरीकों को खोजने के लिए एक उदाहरण दिखाता है।

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