विक्टर मेयर विधि द्वारा 1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताईये |

विक्टर मेयर विधि द्वारा 1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताईये |

विक्टर मेयर विधि द्वारा 1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताईये |इस विधि हम देखेंगे की 1°,2° और 3° Nitroalkans पर नाइट्रस अम्ल की रिएक्शन डिफरेंट होती हैं|मतलब  तीनो के प्रोडक्ट डिफरेंट बनते हैं|जो यह प्रदर्शित करती हैं| कि प्राथमिक,द्वितीयक,और तृतीयक अल्कोहल में अंतर हैं|

विक्टर मेयर विधि द्वारा 1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताईये |

सबसे पहले यह मालूम होना चाहिए कि 1°,2° और 3° अल्कोहल किसे कहते हैं|1°,2° और 3° अल्कोहल क्रमशः (प्राथमिक)अल्कोहल,   (द्वितीयक)अल्कोहल, (तृतीयक)अल्कोहल को कहते हैं|

प्राथमिकअल्कोहल को (R-CH2OH) से प्रदर्शित करते हैं|इसमें -OH समूह प्राथमिक (1°) कार्बन से जुडा रहता हैं|इसमें एक अल्काइल समूह होता हैं |

द्वितीयकअल्कोहल को (R2-CHOH) से प्रदर्शित करते हैं|इसमें -OH समूह द्वितीयक(2°) कार्बन से जुडा रहता हैं|इसमें दो  अल्काइल समूह होता हैं |

तृतीयकअल्कोहल को (R3-C-OH) से प्रदर्शित करते हैं|इसमें -OH समूह तृतीयक (3°) कार्बन से जुडा रहता हैं|इसमें तीन अल्काइल समूह होता हैं |

तीनो अल्कोहल को मोनोहाइड्रिक अल्कोहल कहते हैं |क्योंकि इन तीनो अल्कोहल में केवल एक ही -OH समूह होता हैं| एक को मोनो बोलते हैं |और -OH को हाइड्रिक कहते हैं|इसलिए इसे मोनोहाइड्रिक अल्कोहल कहते हैं

1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताने की कई विधि हैं|जैसे

1.ऑक्सीकरण द्वारा |

2.हॉट अपचयित काँपर की क्रिया के द्वारा –विहाइड्रोजनीकरण|

3.विक्टर मेयर विधि द्वारा |

4.लुकास परिक्षण द्वारा |

इसमें से सबसे महत्वपूर्ण विधि विक्टर मेयर विधि हैं |जिसके द्वारा हम आसानी से (प्राथमिक)अल्कोहल,   (द्वितीयक)अल्कोहल, (तृतीयक)अल्कोहल में अंतर को स्पस्ट कर सकते हैं|

पहले अल्कोहल P+I2 की प्रेसेंस में अल्काइल आयोडाइड में परिवर्तित होता हैं|इस क्रिया में फ़ास्फ़रोस (P)पहले I2(आयोडीन)से रियेक्ट करके फ़ास्फ़रोस (III) आयोडाइड बनाता हैं|फिर यह फ़ास्फ़रोस (III) आयोडाइड अल्कोहल को   अल्काइल आयोडाइड में परिवर्तित कर देता हैं|

2P+3I22PI3

 इसके बाद अल्काइल आयोडाइड AgNo2 से रिएक्शन करके Nitroalkans देता हैं|फिर तीनो 1°,2° और 3° Nitroalkans,नाइट्रस अम्ल से डिफरेंट टाइप से रिएक्शन करते हैं|इसके बाद बने तीनो Nitro Derivative, क्षार के साथ रिएक्शन करके डिफरेंट-डिफरेंट कलर  देते हैं |

1° (प्राथमिक)अल्कोहल–            रेड

2° (द्वितीयक)अल्कोहल–           ब्लू 

 3° (तृतीयक)अल्कोहल–       colourless

विक्टर मेयर विधि द्वारा 1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताईये |

रासायनिक अभिक्रियाए 

1° (प्राथमिक)अल्कोहल- 

इसमें हम Suppose एथिल अल्कोहल को उदाहरण के रूप लेते हैं|तो रिएक्शन इस प्रकार होगी|

इस क्रिया में एथिल अल्कोहल (प्राथमिक) लिया गया हैं|जो फ़ास्फ़रोस (III) आयोडाइड से रिएक्शन करके एथिल क्लोराइड देता हैं|जो सिल्वर नाइट्रेट (AgNo3) की प्रेसेंस मेंप्राथमिक Nitroalkanes में परिवर्तित हो जाता हैं|लेकिन   नाइट्रस अम्ल पर  क्रिया करके निट्रोलिक अम्ल बनाता  हैं|जो खून जैसा लाल  रंग देता हैं|

2° (द्वितीयक)अल्कोहल- 

इसमें रिएक्शन इस प्रकार होती हैं|

 

इस क्रिया में द्वितीयकअल्कोहल लिया गया हैं|जो फ़ास्फ़रोस (III) आयोडाइड से रिएक्शन करके द्वितीयक क्लोराइड देता हैं|जो सिल्वर नाइट्रेट (AgNo3) की प्रेसेंस में द्वितीयक Nitroalkanes में परिवर्तित हो जाता हैं|लेकिन   नाइट्रस अम्ल पर  क्रिया करके स्यूडो निट्रोल बनाता  हैं|जो नीला  रंग देता हैं|

 3° (तृतीयक)अल्कोहल-

इसमें रिएक्शन इस प्रकार होती हैं|

इस अभिक्रिया में तृतीयक ब्यूटाइल अल्कोहल को लिया गया हैं| यह फ़ास्फ़रोस (III) आयोडाइड से रिएक्शन करके तृतीयक ब्यूटाइल क्लोराइड देता हैं|जो सिल्वर नाइट्रेट (AgNo3) की प्रेसेंस में तृतीयक Nitroalkanes में परिवर्तित हो जाता हैं|लेकिन   नाइट्रस अम्ल पर कोई क्रिया नहीं करता हैं|कोई कलर नहीं देता हैं|

 

इस प्रकार से इस ब्लॉग में हमने देखा की विक्टर मेयर विधि द्वारा 1°,2° और 3° अल्कोहल में अंतर बताईये |और भी कुछ स्पेशल उदाहरण बीच-बीच में ऐड करता रहूँगा|आप की कोई इस से रिलेटेड प्रॉब्लम हो तो मेसेज बॉक्स के थ्रू सेंड कर सकते है|इसे शेयर करें फ्रेंड्स और फॅमिली केस साथ में और भी इम्पोर्टेंट टॉपिक आपके साथ शेयर करता रहूँगा|अगर आप लैपटॉप से रिलेटेड कोई इनफार्मेशन चाहते है| तो इस लिंक पर क्लिक करें.थैंक यू !

 

 

Organometallic Compounds Notes

Organometallic Compounds Notes,कार्बधात्विक यौगिक उसे कहते जिसमे कार्बन एटम सीधे रूप से धात्विक परमाणु से जुडा होता हैं.यहाँ पर धात्विक परमाणु एक या एक से अधिक हो सकता हैं.आज हम कार्बधात्विक यौगिक को केसे बनाते है और इसकी क्या-क्या रासायनिक क्रिया होती हैं के बारे में विस्तार से समझेंगे!

Organometallic Compounds Notes

ऐसे कंपाउंड जो मेटल- कार्बन(M-C) बांड रखते हैं,उसे आर्गेनोमेटालिक कंपाउंड्स कहते हैं|इन्हें Organometallics भी कहते हैं|आर्गेनोमेटालिक कंपाउंड्स एक या एक से अधिक मेटल-कार्बन बांड रखते हैं|लेकिन यहाँ पर एक बात क्लियर होना चाहिए की जो कार्बन हैं वो आर्गेनिक मॉलिक्यूल का पार्ट होना चाहिए|और Metal Atom कोई संक्रमण तत्व/Actinide/Lanthanide/Main ग्रुप एलेमेंट्स हो सकते हैं|कुछ बॉर्डर लाइन मेटल जैसे Ge,As,B,Bi,Sb,Si,Se,और Te आदि को आर्गेनोमेटालिक कंपाउंड्स में क्लासिफाइड  किया जाता हैं|उदाहरण

C2H5MgBr            एथिल मैग्नीशियम ब्रोमाइड

C2H5–Zn–C2H5 डाई एथिल जिंक

LiC2H5                  लिथियम एथिल

Pb(C2H5)4           टेट्रा एथिल लैड

Hg(C2H5)2         डाई एथिल मरकरी

(CH3)3As           ट्राई मिथाइल आर्सेनिक

[Rh(pph)3Cl]    विलकिंसन कैटेलिस्ट (इसमें मेटल कार्बन बांड हाइड्रोजेनेसन के समय produce होता हैं|)

What are organometallic compounds with examples?